इटावा। जनपद के थाना कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत कालपी सर्कुलर रोड पर स्थित आशीर्वाद हॉस्पिटल में एक बार फिर डॉक्टरों की बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। चकरनगर थाना क्षेत्र के ग्राम नौगांवा निवासी एक गर्भवती महिला को बीते 25 तारीख को प्रसव हेतु आशीर्वाद अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

शनिवार को डॉक्टरों की देखरेख में महिला का साधारण (नॉर्मल) प्रसव सफलतापूर्वक हुआ, जिससे परिजनों में खुशी का माहौल था। हालांकि, रविवार को अचानक प्रसूता की तबीयत बिगड़ने लगी। परिजनों का सीधा आरोप है कि प्रसव के बाद अस्पताल के डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ ने महिला की देखभाल में घोर लापरवाही बरती, जिसके कारण उसकी हालत नाजुक हो गई।
*आनन-फानन में आगरा रेफर, रास्ते में हुई मौत*
स्थिति बिगड़ते देख अस्पताल प्रशासन में हड़कंप मच गया। मामले को बिगड़ता देख अस्पताल स्टाफ ने प्रसूता को आनन-फानन में आगरा के लिए रेफर कर दिया। परिजन महिला को लेकर आगरा जा ही रहे थे कि रास्ते में ही उसकी दर्दनाक मौत हो गई।
*अस्पताल के बाहर ग्रामीणों का भारी जमावड़ा*

मौत की खबर मिलते ही परिजन शव को लेकर वापस आशीर्वाद अस्पताल पहुंचे। घटना की जानकारी मिलते ही पीड़िता के गांव नौगांवा से बड़ी संख्या में ग्रामीण अस्पताल के बाहर एकत्र हो गए और अस्पताल प्रशासन के खिलाफ जमकर विरोध-प्रदर्शन किया। परिजनों ने अस्पताल स्टाफ पर इलाज में लापरवाही का गंभीर आरोप लगाते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस बल तैनात, मामले को दबाने की चर्चा

घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और बिगड़ते हालात पर नजर रखी फिलहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है और परिजनों की तहरीर के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की बात कह रही है।
अस्पताल की लापरवाही के बाद 2 पत्रकारों ने मामले को करवाया रफा-दफा
सूत्रो क़े अनुसार जैसे ही अस्पताल परिसर में मृतका क़े परिजन हंगामा करने लगे तभी जनपद के दो पत्रकारों द्वारा मामले को रफा दफा करने के लिए ताना-बाना बुना जाने लगा और मृतका के परिजनों को अस्पताल से कहीं बाहर ले जाकर साठ गांठ करके मामले को शांत करवाया गया।
सूत्रों के मुताबिक तो अस्पताल संचालक ने परिजनों से सेटलमेंट के बाद जाम छलकाकर राहत की सांस ली।


