आशीष श्रीवास्तव
इटावा। उत्तर प्रदेश के इटावा जनपद में घने कोहरे और रफ्तार के कहर ने एक ट्रक चालक की जान ले ली। थाना फ्रेंड्स कॉलोनी क्षेत्र के अंतर्गत नेशनल हाईवे पर बीती रात एक दिल दहला देने वाला हादसा हुआ, जहाँ दो ट्रकों की भीषण टक्कर के बाद एक ट्रक आग का गोला बन गया। इस दुर्घटना में ट्रक चालक को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिला और वह केबिन के भीतर ही जिंदा जल गया।

अचानक ब्रेक लगने से हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, एक ट्रक हरियाणा से जिप्सम लादकर वाराणसी (बनारस) की ओर जा रहा था। जैसे ही ट्रक इटावा के थाना फ्रेंड्स कॉलोनी क्षेत्र में नेशनल हाईवे पर पहुँचा, तभी उसके आगे चल रहे एक अन्य ट्रक ने अचानक इमरजेंसी ब्रेक लगा दिए। पीछे चल रहा जिप्सम से लदा ट्रक अनियंत्रित होकर अगले ट्रक के पिछले हिस्से में जा घुसा।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रक का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें तत्काल भीषण आग लग गई। ट्रक चालक केबिन के मलबे में फंस गया और देखते ही देखते आग ने पूरे केबिन को अपनी चपेट में ले लिया।
दमकल विभाग और पुलिस की कार्रवाई

घटना 1 और 2 जनवरी की दरमियानी रात करीब 12:30 बजे की बताई जा रही है। सूचना मिलते ही थाना फ्रेंड्स कॉलोनी पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुँची। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि स्थानीय पुलिस ने तत्काल दमकल की अतिरिक्त गाड़ियाँ बुलाईं। कुल 3 दमकल की गाड़ियों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक चालक का शरीर पूरी तरह जलकर राख हो चुका था।
घने कोहरे में पुलिस ने संभाला मोर्चा

हादसे के वक्त हाईवे पर घना कोहरा छाया हुआ था, जिससे दृश्यता (Visibility) बहुत कम थी। एक तरफ आग का तांडव था तो दूसरी तरफ पीछे से आ रहे अन्य वाहनों के टकराने का खतरा। फ्रेंड्स कॉलोनी पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए टॉर्च की रोशनी और ट्रैफिक सिग्नल के जरिए हाईवे पर चल रहे अन्य ट्रक चालकों को अलर्ट किया और यातायात को सुचारू कराया ताकि कोई और बड़ी दुर्घटना न हो।
जांच में जुटी पुलिस
पुलिस ने मृतक चालक के अवशेषों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम और शिनाख्त के लिए भेज दिया है। ट्रक के नंबर और ट्रांसपोर्ट कंपनी के आधार पर चालक के परिजनों से संपर्क करने की कोशिश की जा रही है। नेशनल हाईवे पर हुए इस भीषण हादसे ने एक बार फिर कोहरे में सुरक्षा मानकों और तेज रफ्तार पर सवालिया निशान लगा दिए हैं।


